Difference between Crystalline and Acrystalline Solids

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now

12th chemistry notes in Hindi – Hello Student   http://www.ncertskill.com            प र आपका एक बार फिर से स्वागत है मुझे आशा है आप सभी अच्छे होंगे दोस्तों जैसे कि आप सभी जानते हैं कि हम यहां रोजाना Study Material अपलोड करते हैं। ताकि आप हमारे द्वारा प्रदान किए गए इस स्टडी मैटेरियल को पढ़कर परीक्षा में अच्छे अंक प्राप्त कर सकें। उसी तरह आज हम रसायन विज्ञान से संबंधित बहुत ही महत्वपूर्ण 12th chemistry notes in Hindi आपके साथ शेयर कर रहे हैं। https://www.ncertskill.com/2023/12/ardhvarshik-paper-2023-24-20-imp-qustion-11th-hindi.html

क्रिस्टलीय तथा अक्रिस्टलीय ठोसों में अंतर ( Difference between Crystalline and Acrystalline Solids ) –

महत्वपूर्ण बिंदु-

  1.   क्रिस्टलीय ठोस की परिभाषा और  उदारण  लिखिये ?
  2.    क्रिस्टलीय ठोसों के लक्षण ?
  3.   अक्रिस्टलीय ठोस की परिभाषा और  उदारण  लिखिये ?
  4. .  अक्रिस्टलीय ठोसों के लक्षण ?

प्रश्न 1.  क्रिस्टलीय ठोस की परिभाषा और  उदारण  लिखिये ?
उत्तर – ऐसे ठोस जिनके अवयवी कण जैसे ( अणु , परमाणु अथवा आयन ) त्रिविम में एक नियमित क्रम में व्यवस्थित होते हैं क्रिस्टलीय ठोस कहलाते हैं।
जैसे- हीरा सोडियम क्लोराइड सोडियम सल्फेट आयोडीन आदि।

प्रश्न 1.2. क्रिस्टलीय ठोसों के लक्षण ?
उत्तर – क्रिस्टलीय ठोस ओं के मुख्य लक्षण निम्नलिखित हैं-

  1. अवयवी घटक नियमित क्रम में व्यवस्थित होते हैं।
  1. ये तीक्ष्ण ( sharp ) एवं निश्चित गलनांक रखते हैं।
  1. क्रिस्टल निर्माण के समय बाहरी सतह भी नियमित क्रम दर्शाती है।
  1. ये विषमदैशिक (anisotropic) होती है।

प्रश्न 2. अक्रिस्टलीय ठोस की परिभाषा और  उदारण  लिखिये ?
उत्तर – ऐसे ठोस जिनके अवयवी कण जैसे ( अणु , परमाणु अथवा आयन ) त्रिविम में एक नियमित क्रम में व्यवस्थित नहीं होते हैं अक्रिस्टलीय ठोस कहलाते हैं।
जैसे- कांच , रबर , प्लास्टिक आदि।

प्रश्न 2. 2.   अक्रिस्टलीय ठोसों के लक्षण ?
उत्तर – अक्रिस्टलीय ठोस के मुख्य लक्षण निम्नलिखित हैं-

  1. अवयवी घटक नियमित क्रम में व्यवस्थित नहीं होते हैं।
  1. ये तीक्ष्ण ( sharp ) एवं निश्चित गलनांक नहीं रखते हैं।
  1. क्रिस्टल निर्माण के समय बाहरी सतह भी नियमित क्रम नहीं दर्शाती है।
  1. ये समदैशिक (anisotropic) होती है।

क्रिस्टलीय तथा अक्रिस्टलीय ठोसों में अंतर ( Difference between Crystalline and Acrystalline Solids ) –https://www.ncertskill.com/2023/12/20-imp-qustion-12th-hindi-ardhvarshik-paper-2023-24-pdf-down.html

 

 क्र.सं.  क्रिस्टलीय ठोस   अक्रिस्टलीय ठोस
   1   यह वास्तविक (true) ठोस होते हैं। यह आभासी ठोस होते हैं वास्तव में यह अतिशीतित द्रव होते हैं।
   2  अवयवी घटक नियमित क्रम में व्यवस्थित होते हैं।  अवयवी घटक नियमित क्रम में व्यवस्थित नहीं होते हैं।
      3  ये तीक्ष्ण ( sharp ) एवं निश्चित गलनांक रखते हैं।  ये तीक्ष्ण ( sharp ) एवं निश्चित गलनांक नहीं रखते हैं।
   4  क्रिस्टल निर्माण के समय बाहरी सतह भी नियमित क्रम दर्शाती है।  क्रिस्टल निर्माण के समय बाहरी सतह भी नियमित क्रम नहीं दर्शाती है।
   5  ये विषमदैशिक (anisotropic) होती है।  ये समदैशिक (anisotropic) होती है।
   6  पैनी धार वाले हथियार से काटने पर ये ठोस कटी सतह पर भी रचक घटकों का नियमित क्रम रखते हैं।  यह ठोस कटी सतह पर भी रचक घटकों का अनयमित क्रम रखते हैं।

 

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!
Scroll to Top